सीखें · बुनियाद

राशि - आपकी चंद्र राशि

वैदिक ज्योतिष में हम यह नहीं पूछते कि "आपकी राशि क्या है?" हम पूछते हैं "चंद्रमा कहाँ था?" जानिए ऐसा क्यों है, और बारह राशियों का क्या मतलब है।

✦ 5 मिनट में पढ़िए · 12 राशियाँ · निरयन पद्धति

चंद्रमा पहले क्यों आता है

पश्चिमी ज्योतिष सूर्य से शुरू होता है। सूर्य बताता है कि आप आगे चलकर कैसे इंसान बनते हैं। वैदिक ज्योतिष चंद्रमा से शुरू होता है। चंद्रमा आपका मन और आपकी भावनाएँ बताता है - यह भी कि दिन आपको कैसा महसूस होता है। जन्म के समय चंद्रमा जिस राशि में था, वही आपकी चंद्र राशि है। रोज़ का राशिफल, दशा और कुंडली मिलान - सब यहीं से शुरू होते हैं।

चंद्रमा हर सवा दो दिन में करीब-करीब राशि बदल लेता है। इसीलिए यहाँ आपकी जन्म तारीख़ बहुत मायने रखती है, और जन्म का समय भी।

आपकी राशि "ग़लत" क्यों लग सकती है

वैदिक कुंडली निरयन पद्धति से बनती है, जो तारों पर टिकी है। पश्चिमी कुंडली सायन पद्धति से बनती है, जो मौसमों पर टिकी है। आज दोनों के बीच करीब 24 अंश का फ़र्क़ है। इसीलिए कई लोगों की वैदिक राशि वह नहीं निकलती जो वे बचपन से मानते आए हैं - अक्सर उससे एक राशि पीछे। आकाश नहीं बदला। सिर्फ़ नक्शा बदला है।

बारह राशियाँ

  1. मेषAries · अग्नि · मंगल
  2. वृषभTaurus · पृथ्वी · शुक्र
  3. मिथुनGemini · वायु · बुध
  4. कर्कCancer · जल · चंद्र
  5. सिंहLeo · अग्नि · सूर्य
  6. कन्याVirgo · पृथ्वी · बुध
  7. तुलाLibra · वायु · शुक्र
  8. वृश्चिकScorpio · जल · मंगल
  9. धनुSagittarius · अग्नि · गुरु
  10. मकरCapricorn · पृथ्वी · शनि
  11. कुंभAquarius · वायु · शनि
  12. मीनPisces · जल · गुरु

अपनी चंद्र राशि जानना चाहते हैं?

Cosmic Take इसे आपके सही जन्म समय से निकाल देता है।

सबसे पहले पाएँ